फिर से देवदूत बना सीएम का सरकारी हेलीकॉप्टर, चमोली सड़क हादसे के घायलों को एयरलिफ्ट कर एम्स पहुंचाया

air ambulance airlifted injured people

रैबार डेस्क : नेताओं के सरकारी उड़नखटोले को लेकर लोगों के तरह तरह के विचार होते हैं। लेकिन यह मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत (Trivendra Singh Rawat) की संवेदनशीलता ही है कि उत्तराखंड में यह सरकारी उड़नखटोला लोगों की जान बचाने के लिए देवदूत साबित हो रहा है। शनिवार को चमोली के देवाल-सुयालकोट मार्ग पर सड़क हादसे में गंभीर रूप से घायल दो लोगों को सरकारी हेलकॉप्टर ( govt helicopter Air Ambulance) की मदद से एम्स (Airlift) लाया गया है। 24 घंटे के भीतर यह दूसरा मामला है कि जब सीएम ने सरकारी चॉपर को लोगों की जान बचाने भेजा है।

शनिवार को चमोली जिले में देवाल से सुयालकोट जा रही एक मैक्स UK-11 TA 1626 तलौर गांव के पास अनियंत्रित होकर 50 मीटर खाई मे जा गिरी। हादसे में पांच लोग घायल हो गए जिनमे से दो लोगों की हालत गंभीर है। डॉक्टरों ने गंभीर रूप से दोनों घायलों को हायर सेंटर रेफर कर दिया। इस बीच सीएम त्रिवेंद्र को सूचना मिली तो फौरन सरकार हेलकॉप्टर को चमोली भेजा औऱ गंभीर रूप से घायल लोगों को ऋषिकेश एम्स लाया गया।     

यह कोई पहला या दूसरा मौका नहीं है जब मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने मुसीबत में फंसे लोगों को एयरलिफ्ट कराया हो। पिछले चार सालों में अनेक ऐसे मौके आए सीएम का चॉपर देवदूत साबित हुआ। सरकारी हेलिकॉप्टर लगातार एयर एंबुलेंस का काम कर रहा है। पर्वतीय क्षेत्रों में होने वाले हादसों और गंभीर रोगियों को देखते हुए उत्तराखंड सरकार ने विगत वर्ष हेरीटेज एविएशन के साथ करार कर एयर एंबुलेंस की सेवा प्रारंभ की है जिसके लिए एम्स ऋषिकेश में हेलीपैड भी तैयार किया गया है। लेकिन मौके पर निजी कंपनी का हेलीकॉप्टर उपलब्ध नहीं होने की दशा में मुख्यमंत्री अपना सरकारी हेलीकॉप्टर घायलों को एयर लिफ्ट कराने के लिए भेज रहे हैं।

19 फरवरी 2021 – टिहरी में एख गर्भवती महिला और उसके बच्चे को खतरे में देख फौरन एम्स ऋषिकेश के लिए एयरलिफ्ट कराया गया।

जुलाई 2018- उत्तरक़ाशी में बस हादसा में घायल 14 लोगों को एयरलिफ्ट करके हायर सेंटर लाया गया

जुलाई 2018- पिथौरागढ़ की संवेदनशीलता को देखते आपदा के दौरान वहां बचाव कार्य के लिए सरकारी हेलीकॉप्टर कई दिनों तक प्रयोग में लाया गया।

मार्च 2019- सीएम पौड़ी में जनसभा कर रहे थे, सूचना मिलती है कि GIC गोपेश्वर में तैनात शिक्षक का एक्सीडेंट हो गया, फौरन सीएम ने अपना चॉपर भेजा और शिक्षक को एयरलिफ्ट कर जान बचाई।

मार्च 2020- पौड़ी के कोट ब्लॉक में भालू के हमले में घायल 2 महिलाओं को सरकारी चॉपर से एयरलिफ्ट करके एम्स लाया गया, जान बची।

अप्रैल 2020– गैरसैंण के पत्रकार को हार्ट अटैक आया, सीएम ने फौरन अपना चॉपर भेजकर पत्रकार को एयरलिफ्ट कराया।

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